भैरमगढ़ में 2 लाख रुपये की कथित रिश्वतखोरी का मामला गरमाया, पूर्व मंत्री महेश गागड़ा ने की सख्त कार्रवाई की मांग
बीजापुर/भैरमगढ़, बस्तर के माटी समाचार 14 जुलाई।
जनपद पंचायत भैरमगढ़ के अंतर्गत कथित रिश्वतखोरी का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। कुटरु क्षेत्र के कई सरपंचों एवं सरपंच पतियों ने पूर्व वन मंत्री महेश गागड़ा से मुलाकात कर जनपद पंचायत के उप अभियंता पर निर्माण कार्यों के एवज में लगभग 2 लाख रुपये रिश्वत लेने का आरोप लगाते हुए लिखित शिकायत सौंपी।


शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि विभिन्न ग्राम पंचायतों में निर्माण कार्यों के भुगतान और मूल्यांकन के नाम पर अवैध रूप से राशि की मांग की गई। कई सरपंचों ने अपने-अपने लिखित बयान में अलग-अलग राशि दिए जाने का उल्लेख किया है। प्रस्तुत दस्तावेजों में नकद और ऑनलाइन भुगतान से जुड़े आरोप भी दर्ज हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पूर्व मंत्री महेश गागड़ा ने जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) से चर्चा कर संबंधित अधिकारी के विरुद्ध तत्काल जांच कर निलंबन की कार्रवाई करने की मांग की। उन्होंने कहा कि “सुशासन की सरकार में भ्रष्टाचार किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। दोषी पाए जाने वालों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।”
इधर, जिला पंचायत के सीईओ ने भी मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित सरपंचों के लिखित बयान दर्ज किए तथा निष्पक्ष जांच कर नियमानुसार कार्रवाई का भरोसा दिलाया।
इस पूरे घटनाक्रम के बाद भैरमगढ़ क्षेत्र में मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। अब सभी की निगाहें प्रशासनिक जांच और संभावित कार्रवाई पर टिकी हैं।

