RNI NO. CHHHIN /2021 /85302
RNI NO. CHHHIN /2021 /85302
best news portal development company in india
best news portal development company in india

मूल्यांकन के नाम पर लाखों की कथित वसूली! ₹48 हजार और 50 हजार ऑनलाइन लेने के आरोपों के बीच इंजीनियर पर कोरे कागज पर हस्ताक्षर करवाने की कोशिश

प्रधान संपादक घनश्याम यादव 

बीजापुर बस्तर के माटी समाचार

भैरमगढ़ जनपद पंचायत क्षेत्र में पदस्थ एक इंजीनियर पर निर्माण कार्यों के मूल्यांकन के नाम पर कथित कमीशनखोरी और ऑनलाइन राशि लेने के गंभीर आरोप सामने आए हैं। आरोप है कि इंजीनियर राकेश गंधर्व ने निर्माण कार्यों के भुगतान और मूल्यांकन के नाम पर सरपंचों एवं जनप्रतिनिधियों से रकम वसूली, जिसमें 50 हजार ,₹48,000 फोनपे (PhonePe) के माध्यम से लेने का मामला भी सामने आया है।

oplus_34

ग्रामीणों के अनुसार जैसे ही यह मामला मीडिया में उजागर हुआ, इंजीनियर संबंधित सरपंच के पास पहुंचकर कथित रूप से अपने पक्ष में लिखित बयान लेने तथा कोरे कागज पर हस्ताक्षर करवाकर स्वयं को बचाने का प्रयास में जुटे रहे। आरोप है कि ग्राम रानीबोदली के सरपंच पति से भी मूल्यांकन के नाम पर बिना विवरण वाले कागज पर हस्ताक्षर करवाने की कोशिश की गई।

ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण कार्यों का भुगतान रोकने की धमकी देकर मूल्यांकन के नाम पर कथित रूप से रकम ली जाती थी। आरोप है कि जब ऑनलाइन भुगतान का मामला सामने आया तो उसे वैध बताने के लिए दस्तावेज तैयार कराने की जल्दबाजी की गई, लेकिन यह स्पष्ट नहीं किया गया कि ली गई राशि किस वैधानिक मद के तहत प्राप्त की गई थी।

मामले की जानकारी पहले ही जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) को फोन पर दिए जाने का दावा किया गया है। इसके बावजूद अब तक कार्रवाई नहीं होने से ग्रामीणों में नाराजगी है। लोगों ने पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।

इस मामले में सरपंच पति रैनु पुंगी, रमेश मिच्चा और दिगंबर ने आरोप लगाया कि मूल्यांकन के नाम पर लगभग ₹2 लाख तक की वसूली की गई। उनका कहना है कि इंजीनियर द्वारा यह कहा जाता था कि “जब तक मैं चाहूं, निर्माण कार्य का भुगतान नहीं होगा,” जिसके डर से कई लोगों ने कथित रूप से राशि दी।

ग्रामीणों का आरोप है कि आदिवासी और कम पढ़े-लिखे लोगों की जानकारी की कमी का फायदा उठाकर इस तरह की कार्यप्रणाली अपनाई जा रही है। उनका कहना है कि यदि आरोप सही साबित होते हैं तो यह मामला केवल रिश्वतखोरी का नहीं, बल्कि सरकारी व्यवस्था की पारदर्शिता और जवाबदेही पर भी गंभीर सवाल खड़ा करेगा।

 

Facebook
Twitter
WhatsApp
Reddit
Telegram

Leave a Comment

Powered by myUpchar

Weather Forecast

DELHI WEATHER

पंचांग