सत्यानंद यादव
कोंडागांव बस्तर के माटी समाचार – छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज ने अपनी कार्यकारिणी का विस्तार किया है कुछ महीने पहले प्रदेश पदाधिकारियों की सूची जारी हुई थी तभी से जिलाध्यक्ष बदले जाने की अटकले तेज हुई थी परन्तु संगठनात्मक कई कारणों से दीपक बैज को अपने कार्यकाल के डेढ़ साल पूर्व प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम के कार्यकाल के पदाधिकारियों के साथ काम करना पड़ा वहीं अब जाकर डेढ़ सालों से लगाए जा रहे अटकलों पर विराम लगा है जिसमे प्रदेश के 11 जिलों के जिलाध्यक्षो की नियुक्ति हुई है। वैसे अभी इस सूची के बाद पूर्व हुए जिलाध्यक्षो की बात करें तो वे भी लगभग 5 साल पूरा कर चुके हैं यानि संगठन का एक कार्यकाल 3 वर्षो के लिए होता है पर यहाँ लम्बे समय से फेरबदल नहीं होने से दूसरी पारी भी बराबर चलाते रहे हैं पदाधिकारी। कोंडागांव से झूमूकलाल दीवान भी इन्ही नेताओं मे गिने जाते हैं। मोहन मरकाम के कार्यकारिणी मे पहली दफे संगठन मे पिछड़ा वर्ग समाज से अध्यक्ष बने और सफलतम 5 वर्षो तक सक्रिय जिलाध्यक्ष रहे, संगठनात्मक फेरबदल मे हटना बनना तो पार्टी की प्रक्रिया है वैसे सत्तारूढ़ पार्टी के जिलाध्यक्ष के रूप मे काम करने का अच्छा अनुभव हासिल किया है झूमुक दीवान ने। बुधराम नेताम जिले मे कांग्रेस के कद्दावर नेताओं मे गिने जाते हैँ धरातल से जुड़े नेता हैं राजनीती मे लम्बा अनुभव है 1994 से 2020 तक लगातार 25 वर्षो तक सरपंच बनते आये हैं और अभी वर्तमान में भी संबलपुर के सरपंच निर्वाचित हुए हैँ अपने कार्यकाल में से जिसमे 20 साल स्वयं व एक पंचवर्षीय श्रीमती रही हैं और अभी पुनः बुधराम नेताम ही सरपंच बने हैं। 2020 मे जिला पंचायत सदस्य के रूप मे किस्मत आजमाने के चलते सरपंच की कुर्सी छोड़नी पड़ी क्षेत्र मे लोगों के बिच नेताम की पहचान संबलपुर सरपंच के रूप मे ही होती आई है।सामाजिक क्षेत्र में भी बुधराम नेताम कि सक्रिय भूमिका रही है संयुक्त बस्तर जिला के गोंडवाना समाज के जिलाध्यक्ष भी रहें हैं। बुधराम नेताम सरपंच के रूप मे गांव की कमान संभालने के साथ साथ कांग्रेस संगठन मे भी 10 वर्षो तक कोंडागांव ब्लॉक अध्यक्ष के रूप मे तत्कालीन प्रदेश अध्यक्ष शहीद नंदकुमार पटेल भूपेश बघेल के साथ काम किया है वहीं पूर्व के सरपंच कार्यकाल मे सरपंच संघ के अध्यक्ष भी रहे है।मोहन मरकाम के राजनीतिक साथी के रूप मे शुरू से ही काम करते रहे बुधराम नेताम ने मोहन मरकाम के विधायक प्रतिनिधि के रूप मे भी काम किया है, अभी जिलाध्यक्ष बनने से पूर्व प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य थे अब नवीन जिम्मेदारी के साथ जिलाध्यक्ष के रूप मे अपने अब तक के राजनितिक अनुभव को कार्यकर्ताओं मे जोश भरते हुए जिले के ढाई विधानसभा मे कांग्रेस को पुनः स्थापित करने मे पूरी ताकत लगाएंगे।