आज़ादी के दशकों बाद भी विकास की असल तस्वीर बयां करती है। नेशनल पार्क क्षेत्र में बस सेवा शुरू होने से ग्रामीणों में हर्ष
बस्तर के माटी समाचार
छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के इंद्रावती नेशनल पार्क क्षेत्र अंतर्गत दूरस्थ सागमेटा गांव में आखिरकार आज़ादी के 79 साल बाद पहली बार बस पहुंची है। यह सिर्फ एक बस नहीं, बल्कि गांव के लिए विकास और मुख्यधारा से जुड़ने की नई शुरुआत है।
इस ऐतिहासिक मौके पर गांव में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला। स्थानीय युवाओं और ग्रामीणों ने मिलकर बस का जोरदार स्वागत किया। लोगों के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी—जैसे कोई सपना साकार हो गया हो।
बताया जा रहा है कि इस पहल में पास के फरसेगढ़ गांव के लोगों का अहम योगदान रहा। उन्होंने न केवल इस प्रयास में सहयोग दिया, बल्कि सागमेटा तक पहुंचकर ग्रामीणों के साथ समय बिताया और बस सेवा शुरू करने वालों का मनोबल भी बढ़ाया।
अब इस बस सेवा के शुरू होने से सागमेटा गांव के लोगों को शिक्षा, स्वास्थ्य और बाजार जैसी बुनियादी सुविधाओं तक पहुंचने में काफी सहूलियत मिलेगी।
ग्रामीणों ने बताया
“पहले हमें कई किलोमीटर पैदल चलना पड़ता था, अब बस आने से हमारी जिंदगी आसान हो जाएगी।”
एक ओर जहां देश विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है, वहीं यह खबर हमें याद दिलाती है कि अभी भी कई इलाके ऐसे हैं, जहां बुनियादी सुविधाएं पहुंचना किसी जश्न से कम नहीं।

