सिल्वर बाइक में ‘हरा सोना’ भरकर चले थे तस्कर, अमलीपदर पुलिस ने रास्ते में ही बिगाड़ दिया पूरा खेल!
बस्तर की माटी न्यूज़ (BKM NATIONAL NEWS),गरियाबंद
उड़ीसा से छत्तीसगढ़ की ओर गांजे की खेप लेकर आ रहे दो अंतरराज्यीय तस्करों की चाल उस समय धरी की धरी रह गई, जब अमलीपदर पुलिस की नजर उनकी बाइक पर पड़ गई। तस्करों को लगा था कि सफर आराम से कट जाएगा, लेकिन पुलिस की चौकसी ने उनके मंसूबों पर पानी फेर दिया।

गरियाबंद जिले में चलाए जा रहे “मिशन नया सवेरा” अभियान के तहत अमलीपदर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने सिल्वर कलर की हीरो HF डीलक्स (CG 04 LU 2550) से लगभग 18 किलो 900 ग्राम गांजा बरामद किया है।

पकड़े गए आरोपियों की पहचान हीरालाल केबर्त (29 वर्ष) एवं टीकम टोलटिया (36 वर्ष), दोनों निवासी मोहरा, थाना चांडाहांडी, जिला नवरंगपुर (ओडिशा) के रूप में हुई है।
कहते हैं कि “कानून के हाथ लंबे होते हैं“, और इस बार ये हाथ बीरीघाट के रास्ते तक पहुंच गए। पुलिस ने संदेह के आधार पर बाइक को रोककर तलाशी ली, जहां से गांजे की खेप बरामद हुई। कार्रवाई के दौरान दो मोबाइल फोन और बाइक सहित कुल लगभग 9 लाख 89 हजार रुपये मूल्य का सामान जब्त किया गया।
तस्करों ने सोचा था कि बाइक में बैठाकर माल सीमा पार करा देंगे, लेकिन अमलीपदर पुलिस ने बता दिया कि सड़क पर सिर्फ वाहन ही नहीं, नजरें भी दौड़ती हैं।
पुलिस अधीक्षक वेदब्रत सिरमौर के निर्देश पर जिलेभर में नशे के कारोबार के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में थाना प्रभारी दिलीप कुमार मेश्राम और उनकी टीम लगातार निगरानी एवं कार्रवाई कर रही है।
इसके अलावा अमलीपदर के थाना रोड क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखते हुए शराब कारोबार से जुड़े लोगों के यहां भी औचक निरीक्षण किया गया तथा दोबारा अवैध गतिविधियों में शामिल न होने की सख्त चेतावनी दी गई।
“नशे के सौदागर चाहे जितने रास्ते बदल लें, लेकिन कानून की नजर से बच निकलना अब आसान नहीं। मिशन नया सवेरा के तहत गरियाबंद पुलिस का संदेश साफ है— नशे का कारोबार करेंगे, तो सीधे सलाखों के पीछे जाएंगे।”

