गो-तस्करी की कोशिश नाकाम, विश्व हिंदू परिषद और हिन्दू वाहिनी ने 11 भैंसों को छुड़ाया

अमलीपदर, गरियाबंद।
गरियाबंद जिले के अमलीपदर थाना क्षेत्र में गो-तस्करी की एक बड़ी कोशिश को विश्व हिंदू परिषद और हिंदू सी वाहिनी के सदस्यों ने नाकाम कर दिया। उड़ीसा के चार गो-तस्कर, 11 नग भैंसा और भैंसी को जंगल के रास्ते से उड़ीसा ले जाने की तैयारी कर रहे थे, तभी अमलीपदर के पास संगठन के सदस्यों ने उन्हें पकड़ लिया और तुरंत पुलिस के हवाले कर दिया।
घटना की सूचना मिलते ही पशु चिकित्सकों को मौके पर बुलाया गया, जिन्होंने गोवंशों का स्वास्थ्य परीक्षण किया। परीक्षण में कुछ जानवर पूरी तरह स्वस्थ पाए गए, जबकि कुछ में मामूली बीमारी की पुष्टि हुई।

विश्व हिंदू परिषद धर्म जागरण देवभोग प्रखंड के अध्यक्ष मोहन यादव ने जानकारी दी कि यह तस्कर लंबे समय से गरियाबंद जिले से गोवंशों की तस्करी कर उड़ीसा में बेचने का कार्य कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि संगठन की नजर इन तस्करों पर कई दिनों से थी और आखिरकार आज उन्हें रंगे हाथ पकड़ा गया।
मोहन यादव ने यह भी आरोप लगाया कि गोहरा पदार बाजार से भी गो-तस्करी की गतिविधियां लंबे समय से जारी हैं। संगठन की सतर्कता और तत्परता से इस बार 11 गोवंशों को तस्करों के चंगुल से छुड़ाया गया, जिसकी क्षेत्रवासियों द्वारा सराहना की जा रही है। समाजसेवी चिराग ठाकुर ने भी बताया कि हमारी नजर और भी को तस्करों पर है उन्हें भी रंगे हाथ पकड़ने की तैयारी किया जा रहा है ।

ऐसा माना जा रहा है कि कुछ बड़े मगरमच्छ के संरक्षण में और कुछ दलाल के शामिल होने के बाद इस क्षेत्र में,गो तस्करी का दिनों दिन इजाफा हो रहा है । पिछले दिनों हमारे चैनल में उरमाल तेल नदी पुलिया से होते हुए गो तस्करी होने का खबर चलाया गया था । हमारा फोन करने के बाद भी पुलिस के तरफ से विशेष रुचि नहीं दिखाने के कारण उक्त दिन गो तस्कर भाग निकलने में कामयाब हो गए थे । अगर सरकार और थोड़ा सा कडाई से गोवंश तस्करों के ऊपर नजर रखे तो हमारे इस क्षेत्र से गो तस्करी पूरी तरह से रुक सकता है ।

विश्व हिंदू परिषद ने आम जनता से अपील की है कि यदि कहीं भी गो-तस्करी की गतिविधि दिखाई दे, तो तुरंत सूचना दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके। और गोवंशों को को तस्करों के चुंगल से बचाया जाए और उन्हें बूचड़खाना जाने से रोका जा सके ।

