जनपद पंचायत भैरमगढ़ में MWS (माइक्रो वाटरशेड) योजना में कथित अनियमितताओं का मामला, जांच की मांग तेज
भैरमगढ़ बस्तर के माटी समाचार
जनपद पंचायत भैरमगढ़ अंतर्गत संचालित MWS (माइक्रो वाटरशेड) योजना में कथित भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं को लेकर गंभीर आरोप सामने आए हैं। आरोप है कि पूर्व जनपद पंचायत सीईओ पुनीत राम साहू के संरक्षण में कुछ ग्राम पंचायतों के सचिवों एवं सरपंचों द्वारा बिना कार्य कराए लाखों रुपये की राशि का आहरण एवं गबन किया गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम पंचायत जंगला, दरभा, कोतरापाल, पोटेनार एवं मिरतूर सहित अन्य पंचायतों में योजना की राशि के दुरुपयोग की शिकायतें सामने आई हैं। सूत्रों के अनुसार ग्राम पंचायत कोतरापाल से संबंधित मामले में लगभग 4 लाख रुपये की वसूली किए जाने की जानकारी भी सामने आई है।
स्थानीय लोगों एवं शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया है कि योजना के तहत स्वीकृत कार्यों का जमीनी स्तर पर सत्यापन कराया जाए तथा संबंधित पंचायतों के वित्तीय अभिलेखों, मस्टर रोल, भुगतान विवरण और कार्यस्थलों की निष्पक्ष जांच कराई जाए।
क्षेत्र के नागरिकों ने जिला प्रशासन एवं संबंधित विभाग से मांग की है कि मामले को गंभीरता से लेते हुए संपूर्ण जांच कर दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों एवं जनप्रतिनिधियों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाए।
इन पंचायतों के सचिवों ने mws योजना के खातों से राशि आहरण कर उन खातों को क्लोज कराया गया। अभी ओ खातायें ऑनलाइन नहीं दिख रहा है, बैंक मे सभी खाताओं का RTI लगा है जल्द ही खुलासा होने वाला है,
उपरोक्त जानकारी शिकायतों एवं लगाए गए आरोपों पर आधारित है। आरोपों की आधिकारिक पुष्टि सक्षम जांच एवं प्रशासनिक कार्रवाई के बाद ही हो सकेगी

