सत्यानंद यादव
कोंडागांव बस्तर के माटी समाचार 12 जून 2026 थाना बयानार पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए दुष्कर्म के एक गंभीर मामले में फरार आरोपी को महज 10 घंटे के भीतर गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी पिछले 12 वर्षों से पीड़िता को शादी का झांसा देकर लगातार उसका शारीरिक शोषण कर रहा था।
क्या है पूरा मामला?
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, दिनांक 10 जून 2026 को ग्राम चेरंग (स्कुलपारा) निवासी 33 वर्षीय प्रार्थिया ने थाना बयानार पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई। पीड़िता ने बताया कि उसी के गांव का रहने वाला दशमन नेताम पिछले 12 वर्षों से उसके साथ प्रेम संबंध में था। इस दौरान आरोपी ने ‘तुमसे शादी करूंगा’ का झांसा देकर लगातार उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए।
6 बार कराया गर्भपात: पीड़िता का आरोप है कि इस लंबी अवधि के दौरान वह 6 बार गर्भवती हुई, लेकिन हर बार आरोपी दशमन नेताम ने उसे जबरन टेबलेट खिलाकर उसका गर्भपात करा दिया।
सामाजिक बैठक भी रही बेअसर
मामला बढ़ने पर गांव के पटेल, सरपंच और प्रबुद्ध जनों द्वारा सामाजिक स्तर पर बैठक बुलाकर मामले को सुलझाने का प्रयास किया गया था, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला। इसके बाद, शनिवार 6 जून 2026 को जब पीड़िता आरोपी के घर कोई सामान लेने गई थी, तब आरोपी ने उसके साथ दोबारा जबरन शारीरिक संबंध बनाया और अब शादी करने से साफ इंकार कर दिया। पीड़िता की शिकायत पर बयानार पुलिस ने तत्काल अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई: 10 घंटे में घेराबंदी कर दबोचा
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए थाना प्रभारी उपनिरीक्षक प्रेमनाथ बघेल ने वरिष्ठ अधिकारियों को वस्तुस्थिति से अवगत कराया। कोंडागांव पुलिस अधीक्षक पंकज चन्द्रा (आई.पी.एस.) के दिशा-निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कपिल चन्द्रा, रूपेश कुमार डाण्डे एवं एसडीओपी रूपेश कुमार के मार्गदर्शन में तुरंत एक विशेष टीम का गठन किया गया।
पुलिस टीम लगातार आरोपी की तलाश में जुटी थी। इसी बीच मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी दशमन नेताम पुलिस को चकमा देने की नीयत से गांव में ही छिपकर घूम रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी के निवास स्थान पर घेराबंदी की और उसे घर से ही धर दबोचा।
न्यायालय ने भेजा रिमांड पर
कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपी दशमन नेताम ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। आरोपी के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर पुलिस ने दिनांक 11 जून 2026 को दोपहर 14:30 बजे उसे विधिवत गिरफ्तार कर लिया। मामला गैर-जमानती (अजमानतीय) होने के कारण रिमांड फॉर्म तैयार कर आरोपी को माननीय सीजेएम न्यायालय कोंडागांव में पेश किया गया, जहाँ से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
इस टीम को मिली सफलता
थाना प्रभारी उपनिरीक्षक प्रेमनाथ बघेल के कुशल नेतृत्व और अनुभव के चलते आरोपी को महज 10 घंटे के भीतर गिरफ्तार किया जा सका। इस सराहनीय कार्रवाई में:
- सउनि चिंता राम ध्रुव
- सउनि भूपेंद्र सिंह बघेल
- प्रधान आरक्षक (868) आसमन पोटाई
- आरक्षक (675) दशरू नेताम
- आरक्षक (560) विद्याकांत मरकाम
- महिला आरक्षक (850) जगबती मण्डावी
- आरक्षक भोला राम मानिकपुरी
- आरक्षक बालसिंह सलाम एवं समस्त थाना स्टाफ का विशेष योगदान रहा।

